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बà¥à¤°à¥‡à¤¨ सरà¥à¤œà¤°à¥€ के बाद कितने समय में ठीक होना है?
चूंकि बà¥à¤°à¥‡à¤¨ सरà¥à¤œà¤°à¥€ à¤à¤• बड़ा ऑपरेशन है, आमतौर पर बà¥à¤°à¥‡à¤¨ सरà¥à¤œà¤°à¥€ से ठीक होने में 4 से 8 सपà¥à¤¤à¤¾à¤¹ का समय लगता है। किसी तरह, सरà¥à¤œà¤°à¥€ के बाद लगà¤à¤— पांच दिनों तक चीरों में दरà¥à¤¦ हो सकता है।
कà¥à¤¯à¤¾ होता है जब रोगी सरà¥à¤œà¤°à¥€ के बाद जागता है?
जà¥à¤¯à¤¾à¤¦à¤¾à¤¤à¤° मामलों में, मरीज सरà¥à¤œà¤°à¥€ के बाद अपने आप जाग जाते हैं। कà¤à¥€-कà¤à¥€, सरà¥à¤œà¤¨ बेहतर सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ लाठके लिठरोगी को शामक देकर सोते रहना पसंद कर सकता है। साथ ही मरीज सांस लेने के लिठवेंटिलेटर पर है।
कà¥à¤› मामलों में, रोगी को अपने विशेषजà¥à¤ž के साथ चरà¥à¤šà¤¾ करनी चाहिठकि पोसà¥à¤Ÿ-ऑपरेटिव उपचार कà¥à¤¯à¤¾ होने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ है ताकि रोगी और परिवार तदनà¥à¤¸à¤¾à¤° वà¥à¤¯à¤µà¤¸à¥à¤¥à¤¾ कर सकें।
जागने के बाद रोगी को नींद और नींद का अनà¥à¤à¤µ होने की संà¤à¤¾à¤µà¤¨à¤¾ है जो संजà¥à¤žà¤¾à¤¹à¤°à¤£ और दरà¥à¤¦ निवारक दवाओं के कारण सामानà¥à¤¯ है।
बà¥à¤°à¥‡à¤¨ टà¥à¤¯à¥‚मर का
इंटेंसिव केयर यूनिट (आईसीयू) पà¥à¤°à¤¬à¤‚धन
रोगी को समगà¥à¤° सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ के आधार पर à¤à¤• या à¤à¤• दिन के लिठगहन देखà¤à¤¾à¤² इकाई (आईसीयू) या उचà¥à¤š निरà¥à¤à¤°à¤¤à¤¾ इकाई (à¤à¤šà¤¡à¥€à¤¯à¥‚) में रखा जाता है। आईसीयू या à¤à¤šà¤¡à¥€à¤¯à¥‚ में मरीज को पूरी तरह से नरà¥à¤¸à¤¿à¤‚ग केयर दिया जाता है। सरà¥à¤œà¤°à¥€ के बाद हà¥à¤ˆ पà¥à¤°à¤—ति की जांच के लिठमरीज को आईसीयू में à¤à¥‡à¤œà¤¾ जाता है। वहाठकई हैं à¤à¤¾à¤°à¤¤ में सबसे अचà¥à¤›à¤¾ नà¥à¤¯à¥‚रोसरà¥à¤œà¤°à¥€ असà¥à¤ªà¤¤à¤¾à¤² जहां बà¥à¤°à¥‡à¤¨ सरà¥à¤œà¤°à¥€ की जाती है।
सरà¥à¤œà¤°à¥€ के बाद देखà¤à¤¾à¤² और रिकवरी | बà¥à¤°à¥‡à¤¨ सरà¥à¤œà¤°à¥€ के लिठउपचार
चूंकि बà¥à¤°à¥‡à¤¨ सरà¥à¤œà¤°à¥€ à¤à¤• बड़ा ऑपरेशन है, इसलिठडॉकà¥à¤Ÿà¤° को हर 15 मिनट में निरीकà¥à¤·à¤£ करना होता है। रोगी की पà¥à¤°à¤—ति कैसे होती है यह जांचने के लिठडॉकà¥à¤Ÿà¤° नियमित नà¥à¤¯à¥‚रोलॉजिकल अवलोकन करता है। विदà¥à¤¯à¤¾à¤°à¥à¤¥à¤¿à¤¯à¥‹à¤‚ की पà¥à¤°à¤¤à¤¿à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ देखने के लिठनरà¥à¤¸ आपकी आà¤à¤–ों की जाà¤à¤š करते समय कà¥à¤› पà¥à¤°à¤¶à¥à¤¨ पूछने का पà¥à¤°à¤¯à¤¾à¤¸ कर सकती है। नरà¥à¤¸ बà¥à¤²à¤¡ पà¥à¤°à¥‡à¤¶à¤°, पलà¥à¤¸ रेटिंग और हारà¥à¤Ÿ मॉनिटरिंग की नियमित जांच à¤à¥€ करेगी।
इसके अलावा, आपके घाव पर à¤à¤• डà¥à¤°à¥‡à¤¸à¤¿à¤‚ग होती है जिसे आमतौर पर पांच दिनों तक रखा जाता है। आपका सरà¥à¤œà¤¨ सरà¥à¤œà¤°à¥€ के बाद पांच से 14 दिनों के बीच टांके हटा देगा। कà¤à¥€-कà¤à¥€, सरà¥à¤œà¤¨ टांके का उपयोग करता है जो अपने आप घà¥à¤² जाते हैं और हटाने की पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ की आवशà¥à¤¯à¤•ता नहीं होती है।
कà¥à¤¯à¤¾ सरà¥à¤œà¤°à¥€ से पहले मरीज को अपना सिर मà¥à¤‚डवाना पड़ता है?
खैर, यह पूरी तरह से इस बात पर निरà¥à¤à¤° करता है कि मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤• के किस हिसà¥à¤¸à¥‡ का इलाज किया जा रहा है। कà¤à¥€-कà¤à¥€, डॉकà¥à¤Ÿà¤° à¤à¤• विशेष कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° को शेव करना पसंद करते हैं, न कि पूरे कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° को। सबसे पहले, यह रोगी के लिठà¤à¤• à¤à¤Ÿà¤•ा हो सकता है। हालांकि, बाल अंततः बड़े हो जाà¤à¤‚गे। मà¥à¤‚डा सिर में पहले खà¥à¤œà¤²à¥€ हो सकती है और रोगी को घाव के पास खरोंच से बचना चाहिà¤à¥¤
सरà¥à¤œà¤¿à¤•ल डà¥à¤°à¥‡à¤¨ केयर | मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤• शलà¥à¤¯ चिकितà¥à¤¸à¤¾
चूंकि बà¥à¤°à¥‡à¤¨ सरà¥à¤œà¤°à¥€ à¤à¤• जटिल पà¥à¤°à¤•à¥à¤°à¤¿à¤¯à¤¾ है और ऑपरेशन के बाद मरीज के पास कई टà¥à¤¯à¥‚ब होते हैं। यह पहली बार में थोड़ा परेशान करने वाला हो सकता है; हालांकि, सà¤à¥€ के पास ये सà¤à¥€ टà¥à¤¯à¥‚ब नहीं हैं। इन टà¥à¤¯à¥‚बों में शामिल हो सकते हैं:
ऑकà¥à¤¸à¥€à¤œà¤¨: यह काफी सामानà¥à¤¯ है और अतिरिकà¥à¤¤ ऑकà¥à¤¸à¥€à¤œà¤¨ के लिठरोगी को मà¥à¤‚ह और नाक के ऊपर दिया जाता है।
डà¥à¤°à¤¿à¤ª: सरà¥à¤œà¤°à¥€ के तà¥à¤°à¤‚त बाद रोगी को सामानà¥à¤¯ पेय और à¤à¥‹à¤œà¤¨ नहीं मिल सकता है। इसलिà¤, दवाओं, तरल पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ और रकà¥à¤¤ आधान के लिठकई डà¥à¤°à¤¿à¤ª दी जाती हैं। ये डà¥à¤°à¤¿à¤ª या तो à¤à¤• कैनà¥à¤²à¤¾ से जà¥à¤¡à¤¼à¥€ होती हैं - हाथ, बांह में à¤à¤• छोटी टà¥à¤¯à¥‚ब या गरà¥à¤¦à¤¨ में à¤à¤• लंबी लाइन जिसे सेंटà¥à¤°à¤² लाइन कहा जाता है।
मूतà¥à¤° कैथेटर: यह रोगी के मूतà¥à¤° की मातà¥à¤°à¤¾ की जांच करने के लिठजà¥à¤¡à¤¼à¤¾ हà¥à¤† है। यह सà¥à¤¨à¤¿à¤¶à¥à¤šà¤¿à¤¤ करता है कि रोगी को परà¥à¤¯à¤¾à¤ªà¥à¤¤ तरल पदारà¥à¤¥ मिल रहा है।
नासोगौसà¥à¤Ÿà¥à¤°à¤¿à¤• नली: टà¥à¤¯à¥‚ब को नाक और गाल पर टेप किया जाता है जो बीमारी में मदद करता है।
नालियों: घाव की सà¥à¤¥à¤¿à¤¤à¤¿ के आधार पर, रोगी के घाव से बाहर निकलने वाली à¤à¤• या à¤à¤• से अधिक टà¥à¤¯à¥‚ब हो सकती हैं जो बैग या बोतलों से जà¥à¤¡à¤¼à¥€ होती हैं। यह मसà¥à¤¤à¤¿à¤·à¥à¤• से निकलने वाले अतिरिकà¥à¤¤ तरल पदारà¥à¤¥ को बाहर निकाल देता है और दà¥à¤°à¤µ के निरà¥à¤®à¤¾à¤£ को रोकता है।
धमनी में à¤à¤• टà¥à¤¯à¥‚ब: डॉकà¥à¤Ÿà¤° रकà¥à¤¤ के नमूने लेने और रकà¥à¤¤à¤šà¤¾à¤ª को मापने के लिठधमनी में à¤à¤• टà¥à¤¯à¥‚ब डाल सकते हैं।
à¤à¤• इंटà¥à¤°à¤¾à¤•ैनायल दबाव (आईसीपी) मॉनिटर: सिर के अंदर दबाव की निगरानी के लिठइस टà¥à¤¯à¥‚ब को सिर से जोड़ा जाता है। यह टà¥à¤¯à¥‚ब आमतौर पर à¤à¤• या दो दिन बाद हटा दी जाती है।
चूंकि बà¥à¤°à¥‡à¤¨ सरà¥à¤œà¤°à¥€ à¤à¤• महतà¥à¤µà¤ªà¥‚रà¥à¤£ सरà¥à¤œà¤°à¥€ है, इसलिठइसे अनà¥à¤à¤µà¥€ और की à¤à¤• टीम दà¥à¤µà¤¾à¤°à¤¾ माना जाना चाहिठà¤à¤¾à¤°à¤¤ में सरà¥à¤µà¤¶à¥à¤°à¥‡à¤·à¥à¤ नà¥à¤¯à¥‚रोसरà¥à¤œà¤¨. योगà¥à¤¯ नà¥à¤¯à¥‚रोसरà¥à¤œà¤¨, अचà¥à¤›à¥€ तरह से सà¥à¤¸à¤œà¥à¤œà¤¿à¤¤ असà¥à¤ªà¤¤à¤¾à¤²à¥‹à¤‚, चिकितà¥à¤¸à¤¾ वीजा, सà¥à¤µà¤¾à¤¸à¥à¤¥à¥à¤¯ बीमा और हां, 'लागत' कारक की उपलबà¥à¤§à¤¤à¤¾ के कारण à¤à¤¾à¤°à¤¤ चिकितà¥à¤¸à¤¾ उपचार के लिठà¤à¤• गंतवà¥à¤¯ सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ है। à¤à¤¾à¤°à¤¤ में बà¥à¤°à¥‡à¤¨ टà¥à¤¯à¥‚मर सरà¥à¤œà¤°à¥€ की लागत आकार, सà¥à¤¥à¤¾à¤¨ और टà¥à¤¯à¥‚मर के पà¥à¤°à¤•ार, सरà¥à¤œà¤°à¥€ के पà¥à¤°à¤•ार, à¤à¤¾à¤°à¤¤ में कà¥à¤² पà¥à¤°à¤µà¤¾à¤¸, आवशà¥à¤¯à¤• परीकà¥à¤·à¤£ आदि के आधार पर USD 5500 से USD 7500 के बीच है।
सरà¥à¤œà¤°à¥€ के बाद बà¥à¤°à¥‡à¤¨ सà¥à¤•ैन | बà¥à¤°à¥‡à¤¨ टà¥à¤¯à¥‚मर का इलाज
सरà¥à¤œà¤°à¥€ के दो से तीन दिन बाद मरीज का à¤à¤®à¤†à¤°à¤†à¤ˆ सà¥à¤•ैन या सीटी सà¥à¤•ैन हो सकता है। यह सà¥à¤•ैन दिखाता है कि कà¥à¤¯à¤¾ कोई टà¥à¤¯à¥‚मर बचा है या संचालित कà¥à¤·à¥‡à¤¤à¥à¤° में सूजन की डिगà¥à¤°à¥€ है।
निषà¥à¤•रà¥à¤·:
निरà¥à¤œà¤²à¥€à¤•रण से बचने के लिठरोगी को उचित मातà¥à¤°à¤¾ में तरल पदारà¥à¤¥à¥‹à¤‚ का सेवन करना चाहिà¤à¥¤ इसके अलावा, रोगी को आगे की समसà¥à¤¯à¤¾à¤“ं से बचने के लिठदरà¥à¤¦ निवारक और सà¥à¤Ÿà¥‡à¤°à¥‰à¤¯à¤¡ निरà¥à¤§à¤¾à¤°à¤¿à¤¤ करना चाहिà¤à¥¤ यदि रोगी सरà¥à¤œà¤¨ के निरà¥à¤¦à¥‡à¤¶à¥‹à¤‚ का ठीक से पालन करता है, तो घाव आवशà¥à¤¯à¤• समय सीमा के à¤à¥€à¤¤à¤° ठीक हो जाà¤à¤—ा।
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